राम मंदिर दान विवाद: वाराणसी कोतवाली में विपक्षी सांसदों के खिलाफ FIR दर्ज
वाराणसी पुलिस ने राहुल गांधी, पप्पू यादव और अवधेश प्रसाद पर सनातन धर्म अपमान का केस दर्ज किया
अयोध्या राम मंदिर दान चोरी विवाद को लेकर संसद परिसर में हुए प्रतीकात्मक प्रदर्शन के बाद वाराणसी में बड़ा कानूनी कदम उठाया गया है। कोतवाली थाने में लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, पूर्णिया सांसद पप्पू यादव और समाजवादी पार्टी सांसद अवधेश प्रसाद के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है।
शिकायत पातालपुरी मठ के पीठाधीश्वर जगद्गुरु बालक दास समेत संत समाज के सदस्यों ने दी थी। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि संसद के मकर द्वार के पास हुए नाटक में भगवा वस्त्र पहनकर साधु का रूप धारण करना और दान पात्र का प्रतीकात्मक इस्तेमाल सनातन धर्म, भगवा रंग और भगवान श्रीराम की आस्था का अपमान है।
क्या था वह प्रदर्शन?
31 जुलाई को संसद परिसर में विपक्षी सांसदों ने राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी के मुद्दे पर विरोध प्रदर्शन किया था। इस दौरान पप्पू यादव भगवा कपड़ों में पुजारी का वेश बनाकर बैठे थे। राहुल गांधी सहित अन्य सांसदों ने दान पात्र में पैसे डाले, जबकि पप्पू यादव ने उन पैसों को अपनी जेब में रखने का नाटक किया। विपक्ष इसे भ्रष्टाचार का प्रतीकात्मक विरोध बता रहा है, जबकि भाजपा और संत समाज इसे धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला कृत्य मान रहे हैं।
वाराणसी पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 196, 299, 302 और 3(5) के तहत केस दर्ज किया है। काशी जोन के डीसीपी गौरव बंसल ने पुष्टि की है कि शिकायत के आधार पर नामजद एफआईआर दर्ज की गई है और जांच चल रही है।
इस घटना के बाद लखनऊ, हरिद्वार और दिल्ली में भी विरोध प्रदर्शन हुए। संत समाज ने पप्पू यादव से सार्वजनिक माफी की मांग की है। वहीं पप्पू यादव ने कहा है कि उनका विरोध आस्था से नहीं, बल्कि आस्था के नाम पर हो रही कथित लूट से है।
यह मामला अब राजनीतिक और कानूनी दोनों मोर्चों पर गर्मा गया है। आगे की जांच और कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हैं।